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टिहरी

टिहरी में ग्रामीणों का आक्रोश: चारागाह भूमि नीलामी पर 14वें दिन धरना, जाखणीधार में विरोध

टिहरी के बोरगांव और रामगांव में 79 नाली चारागाह भूमि की नीलामी के विरोध में ग्रामीण 14वें दिन भी धरने पर बैठे हैं। जाखणीधार में विरोध प्रदर्शन।

टिहरी जिले में ग्रामीणों का आक्रोश बढ़ता जा रहा है। एक ओर विकासखंड थौलधार के बोरगांव और रामगांव के लोग चारागाह भूमि की नीलामी रद्द करने की मांग को लेकर 14 दिनों से अनशन पर बैठे हैं, वहीं दूसरी ओर जाखणीधार विकासखंड के कैथोली गांव में धर्म परिवर्तन के आरोपों को लेकर विरोध प्रदर्शन हुआ है।

बोरगांव और रामगांव में 79 नाली भूमि का मामला

जागरण के मुताबिक विकासखंड थौलधार के बोरगांव और रामगांव की 79 नाली चारागाह भूमि की नीलामी प्रक्रिया निरस्त करने की मांग को लेकर ग्रामीणों का क्रमिक अनशन और धरना रविवार को 14वें दिन भी जारी रहा। सूल्याधार में पैतृक भूमि संरक्षण समिति के अध्यक्ष नत्थी सिंह कैंतुरा की अध्यक्षता में ग्रामीणों ने धरना-प्रदर्शन कर शासन-प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की।

14वें दिन भी जारी रहा अनशन

वक्ताओं ने कहा कि आंदोलन को 14 दिन बीत चुके हैं, लेकिन अब तक कोई सक्षम अधिकारी वार्ता के लिए धरना स्थल पर नहीं पहुंचा है। ग्रामीणों का आरोप है कि प्रशासन चारागाह की करीब 79 नाली भूमि की नीलामी प्रक्रिया को केवल स्थगित कर लोगों को गुमराह करने का प्रयास कर रहा है। धरना-प्रदर्शन में बड़ी संख्या में ग्रामीण महिलाएं भी शामिल हुईं।

समिति ने रखा अपना पक्ष

पैतृक भूमि संरक्षण समिति के पदाधिकारियों का कहना है कि यह भूमि ग्रामीणों की पारंपरिक चारागाह है और इसे किसी भी कीमत पर नीलाम नहीं किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि गांवों में चरागाह घटने से पशुपालन और ग्रामीण अर्थव्यवस्था पर सीधा असर पड़ेगा। इसलिए नीलामी प्रक्रिया को पूरी तरह निरस्त किया जाना जरूरी है।

कलेक्ट्रेट में आमरण अनशन की चेतावनी

ग्रामीणों ने कहा कि जब तक नीलामी प्रक्रिया पूरी तरह निरस्त नहीं की जाती, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया तो स्थानीय लोग कलेक्ट्रेट में अनिश्चितकालीन धरना और आमरण अनशन शुरू करने को बाध्य होंगे।

जाखणीधार में धर्म परिवर्तन के आरोप

दैनिक भास्कर के मुताबिक टिहरी जनपद के जाखणीधार विकासखंड के कैथोली गांव में कुछ बाहरी व्यक्तियों पर ग्रामीणों का कथित रूप से ईसाई धर्म में परिवर्तन कराने के आरोप लगे हैं। स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया कि चंद्रबदनी धाम के मुख्य मार्ग के पास एक व्यक्ति ने सड़क पर अवैध अतिक्रमण कर निर्माण किया है। उसके धार्मिक और सामाजिक दस्तावेजों पर भी सवाल उठाए गए हैं।

जिलाधिकारी से शिकायत की तैयारी

ग्रामीणों ने प्रशासन से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर आवश्यक कार्रवाई की मांग की है। उनका कहना है कि यदि क्षेत्र में किसी प्रकार की अवैध गतिविधि, अतिक्रमण या कानून का उल्लंघन हो रहा है, तो जांच कर दोषियों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जानी चाहिए। ग्रामीण अमित थपलियाल ने बताया कि इस संबंध में सोमवार को जिलाधिकारी से शिकायत दर्ज कराई जाएगी।

प्रशासन की ओर से कोई आधिकारिक बयान नहीं

इस मामले में अभी तक प्रशासन की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। जांच के बाद ही आरोपों की सत्यता स्पष्ट हो सकेगी। इन आरोपों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि भी नहीं हो पाई है। क्षेत्र में मामले को लेकर चर्चा और नाराजगी का माहौल बना हुआ है।