चमोली। उत्तराखंड में ठंड की बिसात फिर बढ़ गई है। बर्फीली हवाओं और बर्फबारी के चलते पर्वतीय इलाकों में तापमान शून्य से नीचे चला गया है। बदरीनाथ और केदारनाथ में तापमान माइनस पांच डिग्री तक पहुंच गया, जिससे इन तीर्थस्थलों में पानी जमकर बर्फ बन गया है। मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में ठंड और बढ़ने की चेतावनी दी है।
उर्वशी धारा भी जमी
बदरीनाथ में गिरने वाली उर्वशी धारा बर्फ के रूप में जम चुकी है। बर्फ की मोटी चादर जमने के साथ ही आसपास की नद-नालियां भी जमने लगी हैं। सुबह के समय गिरा पाला भी जमा हुआ देखा जा सकता है, जिससे इलाके में कड़ाके की ठंड महसूस की जा रही है।
मौसम विभाग का अलर्ट
मौसम विभाग के मुताबिक हाल में हुई बर्फबारी के बाद पर्वतीय क्षेत्रों में तापमान में तेज गिरावट दर्ज की गई है। बदरीनाथ और केदारनाथ में न्यूनतम तापमान शून्य से नीचे रिकॉर्ड किया गया, जिससे वहां की हवाएं और भी ठंडी हो गई हैं। विभाग के अनुसार अगले दो से तीन दिनों में मौसम में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है।
तापमान में और गिरावट का अनुमान
भारतीय मौसम विभाग के अनुसार 19 नवंबर को प्रदेश में तापमान में दो से तीन डिग्री की और गिरावट दर्ज की जा सकती है। पहाड़ी इलाकों में ठंड का असर और तेज रहेगा, जबकि ऊंचाई वाले क्षेत्रों में पश्चिमी विक्षोभ के हल्के प्रभाव के चलते हल्की बर्फबारी की संभावना बनी हुई है।
मैदानी इलाके भी छूटे नहीं
बर्फ जमने और हवाओं की दिशा बदलने के कारण मैदानी इलाकों में भी तापमान गिरा है। मौसम विभाग के अनुसार मैदानी जिलों में दिन का तापमान 23 से 24 डिग्री सेल्सियस और रात का तापमान 9 से 11 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है। राज्य में मौसम शुष्क और स्थिर रहने की उम्मीद है।
बुजुर्गों और बच्चों के लिए चेतावनी
मौसम विभाग ने बुजुर्गों और बच्चों के लिए विशेष चेतावनी जारी की है। ठंड बढ़ने के साथ ही उन्हें ठंड से बचाकर रखने की सलाह दी गई है। तापमान लगातार नीचे जाने के कारण सुबह और शाम कोहरा, पाला और ठंडी हवाएं बढ़ सकती हैं।
यात्रियों को सतर्क रहने की सलाह
मौसम वैज्ञानिकों की चेतावनी है कि यह ठंड और बर्फबारी कम होने का नाम नहीं ले रही है। आने वाले दिनों में पर्वतीय क्षेत्रों में और ठंड बढ़ने की संभावना है, इसलिए यात्रियों और स्थानीय लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है। ठंड को देखते हुए लोगों से गर्म कपड़े पहनने और अनावश्यक यात्रा से बचने को कहा गया है।
हिमालयी इलाकों में सर्दी का प्रकोप
बदरीनाथ और केदारनाथ सहित ऊंचाई वाले इलाकों में इन दिनों तीव्र ठंड पड़ रही है। तीर्थस्थलों के परिसर और आसपास का पूरा क्षेत्र बर्फ से ढका हुआ है। स्थानीय लोगों का कहना है कि इस बार मौसम ने समय से पहले ही कड़ाके की सर्दी का एहसास करा दिया है और रातें पहले से ही बेहद सर्द हो चुकी हैं।