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चमोली

बर्फबारी के चलते हेमकुंड साहिब और फूलों की घाटी की यात्रा रोकी, घांघरिया में फंसे तीस तीर्थयात्रियों को एसडीआरएफ ने बचाया

बर्फबारी के चलते हेमकुंड साहिब और फूलों की घाटी की यात्रा रोक दी गई है। घांघरिया में बर्फ में फंसे तीस से ज्यादा तीर्थयात्रियों को सुरक्षित बचा लिया गया।

उत्तराखंड के ऊंचाई वाले इलाकों में हो रही तेज बर्फबारी ने तीर्थयात्रियों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। दैनिक जागरण और न्यूज18 की रिपोर्ट के अनुसार चमोली जिले में हेमकुंड साहिब और फूलों की घाटी के रास्ते में भारी हिमपात तथा भूस्खलन की आशंका को देखते हुए यात्रा अस्थायी रूप से रोक दी गई है।

हेमकुंड साहिब और फूलों की घाटी की यात्रा रोकी

प्रशासन ने बर्फबारी और भूस्खलन के खतरे को देखते हुए हेमकुंड साहिब तथा फूलों की घाटी जाने वाले मार्ग पर यात्रा रोक दी है। इस मार्ग पर पैदल और खच्चरों के जरिए होने वाली आवाजाही पर रोक लगा दी गई है। प्रशासन का कहना है कि मौसम साफ होने और रास्ते सुरक्षित होने के बाद ही यात्रा बहाल की जाएगी।

घांघरिया में फंसे तीर्थयात्री

घांघरिया से तड़के चार बजे के आसपास तीस से ज्यादा तीर्थयात्री बर्फबारी के बीच आगे की ओर निकले थे। भारी हिमपात के चलते ये यात्री रास्ते में फंस गए। सूचना मिलने पर पुलिस की टीम और एसडीआरएफ के जवान मौके पर पहुंचे और सभी यात्रियों को सुरक्षित वापस घांघरिया ले आए। किसी भी तीर्थयात्री के घायल होने की खबर नहीं है।

केदारनाथ और बद्रीनाथ में भी बर्फबारी

इस सीजन की पहली बर्फबारी सोमवार को केदारनाथ धाम और उसके ऊंचाई वाले इलाकों में दर्ज की गई थी। इसके बाद मंगलवार को बद्रीनाथ धाम और हेमकुंड साहिब में भी इस सीजन का पहला हिमपात हुआ। बर्फबारी से तापमान में तेज गिरावट आई है और इन इलाकों में एकदम ठंडा मौसम बन गया है।

इन पड़ावों पर रुके हैं यात्री

यात्रा रोके जाने के बाद अलग-अलग पड़ावों पर करीब पंद्रह सौ तीर्थयात्री रुके हुए हैं। प्रशासन ने इन यात्रियों के लिए ठहरने और भोजन की व्यवस्था सुनिश्चित की है। स्थानीय प्रशासन और पुलिस की टीमें लगातार निगरानी रख रही हैं ताकि बर्फबारी के बीच किसी यात्री को कोई परेशानी न हो।

भूस्खलन की आशंका और सुरक्षा इंतजाम

भारतीय भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण ने इस इलाके के संवेदनशील ढलानों पर भूस्खलन की आशंका जताई है। बारिश और बर्फबारी के चलते मिट्टी के ढीले पड़ने से मलबा गिरने की घटनाएं हो सकती हैं। ऐसे में प्रशासन ने संवेदनशील मार्गों पर मुनादी कराई है और लोगों को सतर्क रहने की अपील की है।

मौसम विभाग का पूर्वानुमान

मौसम विज्ञान केंद्र देहरादून के अनुसार आने वाले दो से तीन दिनों तक पर्वतीय क्षेत्रों में हल्की से मध्यम बारिश की संभावना बनी हुई है। साढ़े तीन हजार मीटर से ऊपर के इलाकों में बर्फबारी जारी रह सकती है। विभाग के मुताबिक आने वाले दिनों में तापमान में और गिरावट दर्ज की जा सकती है।

यात्रियों के लिए सलाह

प्रशासन ने तीर्थयात्रियों से अपील की है कि वे बिना जरूरी काम के ऊंचाई वाले इलाकों की ओर न बढ़ें। यात्रा पर निकलने से पहले मौसम और सड़क की स्थिति की जानकारी लें तथा गर्म कपड़ों के साथ ही रवाना हों। आपात स्थिति में तुरंत पुलिस और आपदा प्रबंधन विभाग की मदद लेने की सलाह दी गई है।