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उत्तरकाशी

गंगा दशहरा: हरिद्वार में 5 लाख श्रद्धालुओं ने लगाई डुबकी, गंगोत्री में उमड़ी भीड़

गंगा दशहरा के मौके पर हरिद्वार की हरकी पैड़ी पर करीब पांच लाख श्रद्धालुओं ने डुबकी लगाई। गंगोत्री धाम में एक लाख से ज्यादा लोग दर्शन को पहुंचे।

उत्तराखंड में सोमवार को गंगा दशहरा का पर्व धूमधाम से मनाया गया। गंगा दशहरा के मौके पर हरिद्वार, गंगोत्री और राज्य के अन्य हिस्सों में भारी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। हरिद्वार की हरकी पैड़ी पर अब तक पांच लाख के करीब श्रद्धालु गंगा में डुबकी लगा चुके हैं।

हरकी पैड़ी पर उमड़ी भीड़

हरकी पैड़ी पर सोमवार सुबह 5 बजे से 8 बजे तक भारी भीड़ के कारण पैर रखने की भी जगह नहीं मिली। तीन घंटे तक हरकी पैड़ी पर पाव रखने की जगह न मिलने से श्रद्धालुओं को परेशानी का सामना करना पड़ा। हरिद्वार के सभी घाटों पर भीड़ दिखी।

गंगोत्री धाम में एक लाख से ज्यादा लोग

उत्तरकाशी स्थित गंगोत्री धाम में एक लाख से ज्यादा लोग मां गंगा के दर्शन करने पहुंचे। यहां शाम को भव्य गंगा आरती हुई, जिसे देखने के लिए लोग घंटों से इंतजार करते रहे। 10 मई (अक्षय तृतीया) को गंगोत्री धाम के कपाट खुले थे और तब से औसतन प्रतिदिन लगभग पांच हजार लोग पहुंच रहे थे, लेकिन आज यहां पैर रखने की जगह नहीं है।

कुमाऊं में द्वार पत्र की परंपरा

कुमाऊं में घरों के मुख्य द्वार पर ‘द्वार पत्र’ (दसौर पत्र) लगाए गए। यह परंपरा गंगा दशहरा के पर्व से जुड़ी हुई है। घरों में पूजा-अर्चना के साथ पर्व मनाया गया।

डुबकी लगाने की मान्यता

मान्यता है कि आज के दिन गंगा में डुबकी लगाने से व्यक्ति के 10 प्रकार के पाप नष्ट हो जाते हैं। इनमें चार शारीरिक, तीन मानसिक और तीन वाचिक पाप शामिल माने जाते हैं। हरिद्वार के ज्योतिषाचार्य पंडित मनोज त्रिपाठी ने बताया कि पौराणिक मान्यता के अनुसार आज के दिन गंगा स्नान मौन रहकर करना चाहिए।

गंगा अवतरण की पौराणिक कथा

पौराणिक मान्यताओं और शास्त्रों के अनुसार गंगा दशहरा के दिन ही मां गंगा का स्वर्ग से पृथ्वी पर अवतरण हुआ था। इसलिए इस पर्व का विशेष महत्व माना जाता है। श्रद्धालु पूरे विधि-विधान से गंगा स्नान और पूजन करते हैं।

प्रशासनिक इंतजाम

भारी भीड़ को देखते हुए प्रशासन ने विशेष इंतजाम किए थे। घाटों पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात रहा और स्नान के दौरान सुरक्षा पर नजर रखी गई। चिकित्सा शिविर भी लगाए गए। घाटों के आसपास यातायात व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस ने डायवर्जन किया।

इस बार मौसम का हाल

इस बीच मौसम विभाग ने पहाड़ी जिलों में बारिश और आंधी की चेतावनी जारी की है। पिथौरागढ़ और बागेश्वर में बादल गरज सकते हैं। मैदानी जिलों में हरिद्वार और ऊधम सिंह नगर में अगले 48 घंटों में भीषण लू चलने की चेतावनी दी गई है।

अगले 48 घंटे का पूर्वानुमान

मौसम विभाग के अनुसार उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर और पिथौरागढ़ जिलों में हल्की से मध्यम बारिश और गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ सकती हैं। चारधाम यात्रियों को सावधान रहने की सलाह दी गई है। ऊंचाई वाले इलाकों में ओले गिरने की भी संभावना है।

श्रद्धालुओं के लिए सलाह

प्रशासन ने श्रद्धालुओं से नियमों का पालन करने और भीड़ में धैर्य बनाए रखने की अपील की है। गंगा स्नान के दौरान सुरक्षा का विशेष ध्यान रखने को कहा गया है। किसी भी आपात स्थिति में तुरंत पुलिस और प्रशासन की मदद लेने की सलाह दी गई है।