उत्तराखंड में पिछले कुछ दिनों से मौसम का मिजाज तेजी से बदल रहा है। मैदानी इलाकों से लेकर पर्वतीय जनपदों तक तापमान में लगातार बढ़ोतरी दर्ज की गई है। इससे लोगों को गर्मी का सामना करना पड़ रहा है। अब मौसम विभाग ने राहत की उम्मीद जताई है। जल्द ही हल्की बारिश और बर्फबारी हो सकती है।
पर्वतीय क्षेत्रों में अधिक गर्मी
इस बार तापमान बढ़ने का असर पर्वतीय क्षेत्रों में अधिक देखने को मिला। यहां सामान्य से अधिक गर्मी महसूस की गई। उत्तरकाशी, चमोली और पिथौरागढ़ जैसे जिलों में भी दिन में तेज धूप पड़ी। आमतौर पर ये इलाके ठंडे रहते हैं। इस बार मौसम ने करवट ली है।
मैदानी जिलों का हाल
हरिद्वार जैसे मैदानी जिलों और नैनीताल समेत अन्य जिलों में भी पारा चढ़ा हुआ है। दोपहर में सड़कें वीरान नजर आती हैं। लोग ठंडे पेय पदार्थों का सहारा ले रहे हैं। शाम को मौसम में हल्की ठंडक महसूस होती है। रात का तापमान भी सामान्य से अधिक बना हुआ है।
मौसम बदलने के संकेत
मौसम विभाग के अनुसार पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने से मौसम बदलेगा। इससे तापमान में कमी आएगी। लोगों को गर्मी से राहत मिल सकती है। ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी की संभावना है। मैदानी हिस्सों में हल्की बारिश हो सकती है।
तेज हवाओं का अलर्ट
मौसम विभाग ने तेज हवाओं को लेकर अलर्ट जारी किया है। कहीं-कहीं आंधी चल सकती है। गरज-चमक के साथ बारिश की भी संभावना है। ऐसे मौसम में पेड़ों और बिजली के खंभों से दूर रहें। पुराने और कमजोर मकानों पर विशेष ध्यान दें।
पहाड़ों में लौटेगी ठंड
बारिश और बर्फबारी से पहाड़ों में ठंड लौटेगी। ऊंचाई वाले इलाकों में ताजा बर्फ जमा हो सकती है। इससे मौसम सुहावना हो जाएगा। पर्यटकों को बर्फ का दीदार करने का मौका मिलेगा। होटल और होमस्टे में बुकिंग बढ़ सकती है।
किसानों के लिए सलाह
किसानों को मौसम की जानकारी देखकर काम करना चाहिए। तेज हवा और बारिश से फसलों को नुकसान हो सकता है। पकी हुई फसलें सुरक्षित स्थान पर रखें। ओलावृष्टि की आशंका को देखते हुए सतर्क रहें। बागवानी फसलों की निगरानी करते रहें।
यात्रियों को सावधानी
पहाड़ी इलाकों में जाने वाले यात्रियों को सावधानी बरतनी चाहिए। मौसम का पूर्वानुमान देखकर ही निकलें। बर्फबारी से ऊंचाई वाले मार्गों पर फिसलन हो सकती है। वाहन धीमी गति से चलाएं। गर्म कपड़े और जरूरी सामान साथ रखें।
प्रशासन अलर्ट पर
प्रशासन ने सभी जिलों को मौसम को लेकर अलर्ट किया है। आपदा प्रबंधन टीमों को तैयार रहने के निर्देश दिए गए हैं। संवेदनशील इलाकों में निगरानी बढ़ाई गई है। लोगों से सतर्क रहने की अपील की गई है। किसी आपात स्थिति में तुरंत प्रशासन को सूचित करें।
फसलों पर असर
गर्मी बढ़ने से फसलों पर भी असर पड़ रहा है। पानी की जरूरत बढ़ गई है। किसान सिंचाई पर अधिक ध्यान दे रहे हैं। समय पर बारिश न होने से फसलें कमजोर पड़ सकती हैं। कृषि विभाग ने किसानों को सलाह जारी की है।
उमस से मिलेगी राहत
मैदानी इलाकों में उमसभरी गर्मी लोगों को बेहाल कर रही है। बारिश होने से उमस से कुछ राहत मिल सकती है। तापमान में गिरावट दर्ज की जा सकती है। शाम के समय मौसम ठंडा रहेगा। लोग बारिश का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं।